Friday, 26 February 2021

बाल विवाह और बाल श्रम मुक्त होगा पटोरी प्रखंड

पटोरी। 23.02.2021 बच्चों के सुरक्षा और संरक्षण के लिए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र के द्वारा पटोरी प्रखंड में संचालित चाइल्ड लाइन परियोजना की प्रखंड स्तरीय चाइल्ड लाइन सलाहकार परिषद की बैठक का आयोजन प्रखंड विकास पदाधिकारी डाॅ. नवकुंज कुमार की अध्यक्षता में पटोरी प्रखंड मुख्यालय स्थित ग्रामप्लेक्स भवन में किया गया। बैठक का संचालन बाल विकास परियोजना पदाधिकारी मधुप्रियदर्शिनी नें किया। बैठक को संबोधित करते हुए जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र, अख्तियारपुर के सचिव सह  निदेशक, चाइल्ड लाइन, समस्तीपुर सब सेंटर पटोरी नें बताया कि बच्चों के सम्पूर्ण अधिकारों के सुरक्षा और संरक्षण के लिए चाइल्ड लाइन समर्पित है। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र संघ के घोषणापत्र का हवाला देते हुए कहा कि शून्य से अठारह वर्ष का कोई भी व्यक्ति कानूनन बच्चा है। चाइल्ड लाइन सब सेंटर पटोरी की टीम लीडर माला कुमारी, टीम मेम्बर कौशल कुमार, ललिता कुमारी, रविन्द्र पासवान एवं दिनेश प्रसाद चौरसिया नें संयुक्त रूप से बताया कि यदि चाइल्ड लाइन परियोजना को सभी संबंधित सरकारी विभाग का सहयोग और समर्थन समय समय पर मिलता रहे तो बाल विवाह और बाल श्रम को रोक पाना संभव होगा। अंचल पदाधिकारी चंदन कुमार नें कहा कि समय रहते बाल विवाह को रोकने के लिए सामुदायिक और सामाजिक पहल ज्यादा कारगर साबित होगा। ए एस आई सह बाल कल्याण पदाधिकारी प्रह्लाद प्रसाद यादव नें बताया कि बच्चों के मामले में तत्काल प्रशासनिक पहल से हीं उनको सुरक्षा देना संभव होता है। प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी शीलवंत कुमार राय नें बताया कि बच्चों को समय पर स्कूल में जोड़ना और उसे नियमित कराये जाने से बाल श्रम और बाल विवाह के साथ बाल यौन शोषण या बाल व्यापार के विरुद्ध एक अभियान चलाने की आवश्यकता है। जिसमें बच्चों के माता-पिता की कोशिश ज्यादा कारगर साबित होगा। प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारी डाॅ फिरदौश आलम का कहना है कि लावारिश नवजात शिशु के मिलने की स्थिति में तथा यौन शोषण के केस में समुचित चिकित्सीय सुविधा न मिलने या विपरीत परिस्थितियों में सामाजिक सहायता मिलने में होने वाले विलम्ब से खतरा बढ़ जाता है। इसके लिए व्यापक बदलाव का सूचक तय करना होगा। प्रखंड मुखिया संघ के अध्यक्ष मोहन ठाकुर नें पंचायत प्रतिनिधियों को संवेदनशील करने तथा बाल संरक्षण समिति को सशक्त बनाने के लिए सकारात्मक पहल करने की आवश्यकता पर बल दिया। चाइल्ड लाइन, समस्तीपुर कोलैब से आयी काऊन्सेलर आयशा खातून व अजीत कुमार नें बताया कि वार्ड, गाँव और प्रखंड स्तर पर बनें बाल संरक्षण समिति सदस्यों का इस दिशा में प्रशिक्षण होना आवश्यक है। साथ हीं उन्होंने कहा कि बालिकाओं के मामले में यथाशीघ्र चिकित्सीय परामर्श या जांच होने से उनको आवासन कराने में अपेक्षित सहयोग मिल जाता है। प्रखंड स्तरीय चाइल्ड लाइन सलाहकार परिषद के अध्यक्ष सह प्रखंड विकास पदाधिकारी डाॅ नवकुंज कुमार नें सभी आगत सदस्यों का स्वागत करते हुए कहा कि हम सब मिल कर संवेदनशीलता के साथ मिल-जुल कर काम करेंगे तो हमारा पटोरी प्रखंड बाल विवाह और बाल श्रम मुक्त होगा। उन्होंने पोक्सो अधिनियम और बाल विवाह निषेध अधिनियम की जानकारी देकर प्रतिभागियों का ज्ञानवर्धन किया। पटोरी प्रखंड से देश और राज्य को नई रोशनी मिलेगी। उन्होंने शिक्षा विभाग और बाल विकास परियोजना पदाधिकारी से कहा कि प्रत्येक विद्यालय और आंगनवाड़ी केन्द्रों में चाइल्ड लाइन के राष्ट्रीय निशुल्क फोन सेवा 1098 से संबंधित दिवाल लेखन कराना सुनिश्चित करें। लावारिश स्थिति में  पाये जाने वाले नवजात शिशु के लिए पालना के लिए जिला बाल संरक्षण ईकाई, समस्तीपुर से माँग किया गया कि सभी स्वास्थ्य केन्द्रों पर पालना मुहैया कराया जाए।

No comments:

Post a Comment

Testimonial – Sanjay Sharma

Sanjay Sharma is a seasoned social development practitioner with over 30 years of dedicated experience working in the remote tribal regions ...