Wednesday, 16 October 2013

प्रत्यासियो की जानकारी कोई भी मतदाता केवल एक रूपया फीस देकर प्राप्त कर सकेगा

चुनाव मैदान पर उतरे किसी भी प्रत्याशी की कोई भी जानकारी अब गोपनीय नहीं रहेगी। अब तक प्रत्याशियों द्वारा आयोग को दी गई जानकारी व आयोग द्वारा की गई कार्रवाई मतदाताओं को पता नहीं चल पाती थी, लेकिन अब यह तमाम जानकारी कोई भी मतदाता केवल एक रूपया फीस देकर प्राप्त कर सकेगा। निर्वाचन आयोग ने चुनाव में पारदर्शिता के मद्देनजर यह नई व्यवस्था की है।

भारत निर्वाचन आयोग द्वारा इस बार निष्पक्ष चुनाव के लिए कई नए प्रावधान किए गए हैं। इसमें चुनाव मैदान में भाग्य अजमाने वाले प्रत्याशियों द्वारा मतदाताओं को किसी भी तरह से प्रभावित किए जाने के साथ मतदान से पहले प्रत्याशियों के संबंध में तमाम जानकारी मतदाताओं तक पहुंचाने के उपाय भी शामिल हैं।

इसके तहत अब प्रत्याशी द्वारा चुनाव के दौरान निर्वाचन आयोग को दी जाने वाली सभी जानकारी के अलावा निर्वाचन आयोग द्वारा किसी भी मामले में प्रत्याशी से ली गई जानकारी, सवाल-जवाब, आयोग को प्राप्त शिकायतों व उन पर की गई कार्रवाई आदि की जानकारी आम लोगों को उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए रिटर्निग ऑफिसर के पास केवल एक रूपया फीस के रूप में जमा कराना होगा।

योग्य के चयन में मिलेगी सहायता

निर्वाचन आयोग ने विधानसभा चुनाव में पारदर्शिता के मद्देनजर मतदाताओं को जानकारी लेने का यह अधिकार दिया है। आयोग का मानना है कि इससे मतदान से पहले मतदाता अपने प्रत्याशी के बारे में जरूरी जानकारी प्राप्त कर सकेंगे व इस आधार पर योग्य प्रत्याशी को मतदान कर सकेंगे। इसके अलावा इससे प्रत्याशियों द्वारा आयोग को गलत जानकारी दिए जाने का खुलासा हो सकेगा। निर्वाचन आयोग ने इस संबंध में जिला निर्वाचन कार्यालय को आदेश जारी कर दिया है।

यह करना होगा मतदाताओं को

निर्वाचन आयोग ने प्रत्याशियों के संबंध में किसी भी जानकारी के लिए प्रक्रिया भी बेहद आसान है। किसी भी प्रत्याशी के संबंध में जानकारी के लिए मतदाताओं को सादे कागज पर रिटर्निग ऑाफिसर के सामने आवेदन करना होगा। आवेदन में चाही गई जानकारी का संपूर्ण विवरण दर्ज करना होगा। आवेदन के साथ रिटर्निंग ऑफिसर के पास फीस के रूप में केवल एक रूपया नकद जमा कराना होगा।

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Testimonial – Sanjay Sharma

Sanjay Sharma is a seasoned social development practitioner with over 30 years of dedicated experience working in the remote tribal regions ...